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पशु एवं मत्स्य संसाधन विभाग, बिहार सरकार

मुख्यमंत्री गो-धन विकास ऋण योजना

NEW राज्य योजना पशुपालन डेयरी गाय भैंस लोन ब्याज सब्सिडी किसान योजना
शुरू हुई 23 सितंबर 2026

विवरण

बिहार सरकार ने राज्य के पशुपालकों और डेयरी किसानों को आर्थिक रूप से मजबूत बनाने के लिए मुख्यमंत्री गो-धन विकास ऋण योजना को मंजूरी दी है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की अध्यक्षता में 23 सितंबर 2026 को हुई कैबिनेट बैठक में इस योजना को स्वीकृति मिली। योजना के तहत पशुपालकों को बैंक से लिए गए ऋण के ब्याज पर 100 प्रतिशत सब्सिडी दी जाएगी, यानी लाभुक को केवल लोन की मूल राशि (principal) चुकानी होगी, ब्याज का पूरा भार राज्य सरकार वहन करेगी। यह योजना वित्तीय वर्ष 2026-27 से 2028-29 तक तीन वर्षों के लिए लागू रहेगी।

 

लाभ

  • बैंक लोन के ब्याज पर 100% सब्सिडी — लाभुक को सिर्फ मूलधन चुकाना होगा
  • लाभुक तीन उन्नत नस्ल की गाय या दो भैंस खरीद सकेंगे
  • लोन की किस्तें दूध की बिक्री से स्वतः कटेंगी, जिसमें COMPFED गारंटर की भूमिका निभाएगा
  • डेयरी व्यवसाय शुरू करने/बढ़ाने के लिए वित्तीय सहायता
  • ग्रामीण क्षेत्रों में स्वरोजगार और दूध उत्पादन को बढ़ावा
  • योजना के लिए तीन वर्षों में 1,600 करोड़ रुपये से अधिक का बजट स्वीकृत

 

पात्रता

(विस्तृत पात्रता मानदंड अभी विभाग द्वारा अधिसूचित नहीं किए गए हैं। सामान्यतः ऐसी योजनाओं में लागू होने वाली शर्तें — जल्द अपडेट होंगी:)

  • आवेदक बिहार का मूल निवासी हो
  • पशुपालन/डेयरी व्यवसाय में रुचि रखने वाला व्यक्ति
  • गाय/भैंस खरीद हेतु बैंक ऋण लेने का इच्छुक हो

 

आवेदन प्रक्रिया

मुख्यमंत्री गो-धन विकास ऋण योजना के लिए आवेदन की विस्तृत ऑनलाइन प्रक्रिया फिलहाल पशु एवं मत्स्य संसाधन विभाग द्वारा जारी नहीं की गई है। योजना की बनावट (बैंक लोन + COMPFED गारंटर + दूध बिक्री से किस्त कटना) को देखते हुए, संभावित आवेदन प्रक्रिया इस तरह रह सकती है:

  1. नजदीकी दुग्ध सहकारी समिति/COMPFED केंद्र से संपर्क करें — पशुपालक को सबसे पहले अपने क्षेत्र की दुग्ध उत्पादक सहकारी समिति या COMFED केंद्र में जाकर योजना की जानकारी और आवेदन फॉर्म लेना होगा।
  2. पात्रता जांच व दस्तावेज़ जमा करें — आधार कार्ड, निवास प्रमाण पत्र, बैंक पासबुक जैसे दस्तावेज़ों के साथ फॉर्म भरकर जमा करना होगा।
  3. बैंक शाखा में लोन आवेदन — समिति/विभाग के सत्यापन के बाद पशुपालक का लोन आवेदन संबंधित बैंक शाखा (जो योजना में सूचीबद्ध हो) को भेजा जाएगा।
  4. COMPFED गारंटी के साथ लोन स्वीकृति — बैंक, COMPFED की गारंटी के आधार पर लोन स्वीकृत करेगा; ब्याज की सब्सिडी सीधे सरकार बैंक को भेजेगी।
  5. पशु खरीद और किस्त भुगतान शुरू — लोन मिलने पर पशुपालक 3 उन्नत नस्ल की गाय या 2 भैंस खरीदेगा, और आगे की किस्तें दूध बिक्री की राशि से अपने आप कटती रहेंगी।

नोट: ऊपर दी गई प्रक्रिया अनुमानित है, आधिकारिक अधिसूचना का इंतज़ार करें। जैसे ही विभाग पोर्टल/फॉर्म जारी करेगा, divyabihar.in पर यह सेक्शन अपडेट कर दिया जाएगा।

 

 

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आवश्यक दस्तावेज़

  • आधार कार्ड
  • निवास प्रमाण पत्र
  • बैंक खाता विवरण
  • पासपोर्ट साइज फोटो
  • मोबाइल नंबर

 

 

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

प्रश्न 1. मुख्यमंत्री गो-धन विकास ऋण योजना क्या है?

यह बिहार सरकार की एक योजना है जिसके तहत पशुपालकों को बैंक ऋण के ब्याज पर 100 प्रतिशत सब्सिडी दी जाएगी, यानी उन्हें सिर्फ मूलधन चुकाना होगा।

प्रश्न 2. यह योजना कब और किसकी अध्यक्षता में मंजूर हुई?

23 सितंबर 2026 को मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में इसे मंजूरी मिली।

प्रश्न 3. योजना किस अवधि के लिए लागू है?

वित्तीय वर्ष 2026-27 से 2028-29 तक, यानी कुल तीन वर्षों के लिए।

प्रश्न 4. इस योजना के लिए कितना बजट तय किया गया है?

तीन वर्षों के लिए 1,600 करोड़ रुपये से अधिक का बजट स्वीकृत किया गया है।

प्रश्न 5. योजना के तहत कितने पशु खरीदे जा सकते हैं?

लाभुक तीन उन्नत नस्ल की गाय या दो भैंस खरीद सकते हैं।

प्रश्न 6. लोन की किस्त कैसे चुकानी होगी?

किस्तें पशुपालक की दूध बिक्री से स्वतः कट जाएंगी, जिसमें कॉम्फेड (COMPFED) गारंटर की भूमिका निभाएगा।